हिन्दु धर्म-शास्त्रों में गणेश जी को विघ्नहर्ता कहा गया है। इसीलिये गणेश जी की पूजा सभी तरह के कर्मकाण्डों में सबसे पहले की जाती है। गणेश जी रिद्धि और सिद्धि के पति तथा महादेव जी और महादेवी पार्वती के प्रिय पुत्र हैं। वेदों में तो गणपति को परमब्रह्म की भी संज्ञा दी गयी है। गणेश जी बुद्धि और विद्या के दाता हैं। प्रस्तुत प्रश्नावली उन लोगों के लिये बहुत उपयोगी है जो लोग लम्बे समय से किसी महत्त्वपूर्ण कार्य को लेकर निर्णय नहीं ले पा रहे हैं। शुद्ध भाव से विघ्नहर्ता गणपति का ध्यान करके यदि इस प्रश्नावली का प्रयोग किया जाये तो गणेश जी कृपा से उत्तम समाधान मिलता है।
सबसे पहले तो शुद्ध तन और मन से गणेश जी का मानसिक पूजन करें फिर 11 बार ॐ गं गणपतये नमः मन्त्र का मन ही मन जप करके अपना प्रश्न किसी कागज पर लिख लें। इसके बाद कर्सर या अपने दायें हाथ की तर्जनी उंगली (अंगूठे के बगल वाली उंगली) से इन 64 में से किसी भी एक अंक पर स्पर्श करें। आपको आपकी समस्या से जुड़ा हुआ समाधान प्राप्त हो जायेगा।